Hindu Vrat Dates 2026
The seven recurring vrats of the Hindu month, each with every date for 2026, computed from real solar and lunar positions at sunrise. Open any vrat for its katha, the fasting vidhi step by step, and its mantra.
- एकादशी व्रतभगवान विष्णुप्रत्येक पक्ष की एकादशी तिथि (माह में दो बार)Next: अजा एकादशी — Mon, 7 September 202624 dates in 2026
- प्रदोष व्रतभगवान शिव और माता पार्वतीप्रदोष काल में त्रयोदशी तिथि (माह में दो बार)Next: प्रदोष व्रत — Tue, 8 September 202625 dates in 2026
- संकष्टी चतुर्थीभगवान गणेशचन्द्रोदय पर कृष्ण चतुर्थी तिथि (मासिक)Next: संकष्टी चतुर्थी — Tue, 29 September 202613 dates in 2026
- पूर्णिमा व्रतभगवान विष्णु और चन्द्र देवशुक्ल पूर्णिमा तिथि (मासिक)Next: पूर्णिमा व्रत — Sat, 26 September 202613 dates in 2026
- अमावस्यापितृ देव और भगवान शिवकृष्ण अमावस्या तिथि (मासिक)Next: अमावस्या — Fri, 11 September 202612 dates in 2026
- मासिक शिवरात्रिभगवान शिवनिशीथ काल में कृष्ण चतुर्दशी तिथि (मासिक)Next: मासिक शिवरात्रि — Wed, 9 September 202612 dates in 2026
- विनायक चतुर्थीभगवान गणेशशुक्ल चतुर्थी तिथि (मासिक)Next: विनायक चतुर्थी — Tue, 15 September 202612 dates in 2026
Vrat FAQs
पंचांग पारंपरिक हिंदू पंचांगिका है जो दिन के पाँच अंगों — तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण — का हिसाब रखती है। इन्हीं से शुभ मुहूर्त, त्यौहारों की तिथियाँ और महत्वपूर्ण कार्यों का समय निर्धारित किया जाता है।
गणनाएँ दृक् गणित पद्धति पर आधारित खगोलीय स्थिति से की जाती हैं, और आपके स्थान के अक्षांश-देशांतर के अनुसार सूर्योदय, सूर्यास्त तथा तिथि-संक्रमण का समय निकाला जाता है — किसी सामान्य क्षेत्रीय अनुमान से नहीं।
हाँ। तिथि और नक्षत्र आसपास के क्षेत्रों में प्रायः समान रहते हैं, पर उनके आरंभ-अंत का समय, सूर्योदय, सूर्यास्त और राहु काल जैसे मुहूर्त नगर के देशांतर और समय-क्षेत्र के अनुसार बदलते हैं।
